अपना-पराया भूल के सारे हिंदुतानी कहलाए सब देशवासी। अपना-पराया भूल के सारे हिंदुतानी कहलाए सब देशवासी।
ये कर्म भी अपना है ये धर्म भी अपना है करनी माँ की रक्षा,ये कर्तव्य अपना है! ये कर्म भी अपना है ये धर्म भी अपना है करनी माँ की रक्षा,ये कर्तव्य अपना है!
धर्म कर्म कैसा हो अपना, कैसा खाना पीना है। धर्म कर्म कैसा हो अपना, कैसा खाना पीना है।
अपना अपना करता है मन कुछ नहीं है अपना रे। अपना अपना करता है मन कुछ नहीं है अपना रे।
अपनेपन की खुश्बू-सी आती है मुझे , तुम्हारी साँसों से अपनेपन की खुश्बू-सी आती है मुझे , तुम्हारी साँसों से
अपना बचपन अपना बचपन